• Home
  • देश-दुनिया की खबरें
  • ट्रंप ने निदाल हसन को फायरिंग स्क्वाड से मौत की सजा को दी मंजूरी, फोर्ट हुड में की थी गोलीबारी
Image

ट्रंप ने निदाल हसन को फायरिंग स्क्वाड से मौत की सजा को दी मंजूरी, फोर्ट हुड में की थी गोलीबारी


राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने फोर्ट हुड, टेक्सास में 2009 में हुई गोलीबारी की घटना के लिए आर्मी मेजर निदाल मलिक हसन को फायरिंग स्क्वाड के जरिए मौत की सजा देने की मंजूरी दे दी है. अमेरिकी सेना ने 1961 के बाद से मौत की सजा पर अमल नहीं किया है. पेंटागन के प्रवक्ता शॉन पार्नेल ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में लिखा कि, आर्मी सेक्रेटरी सजा देने का समय और जगह तय करेंगे. पार्नेल ने लिखा, “आखिरकार हसन के लिए फैसले का दिन आ ही गया.”

13 लोगों की हुई मौत
सेना के मनोचिकित्सक हसन एक मेडिकल बिल्डिंग में गए, जहां सैनिक अपना मेडिकल चेकअप करवा रहे थे. वहां उन्होंने “अल्लाहु अकबर” का नारा लगाया और लेजर-साइट वाली हैंडगन से गोलीबारी शुरू कर दी. इस घटना में 13 लोग मारे गए और 30 से ज्यादा लोग घायल हो गए.

उसने कहा कि यह उन्हें अफगानिस्तान जाकर अपने साथी मुसलमानों को मारने से रोकने की एक कोशिश थी और उसने मुकदमे के दौरान अपना बचाव करने की लगभग कोई कोशिश नहीं की. उसने जूरी को बताया कि सबूतों से पता चलेगा कि वही शूटर था और उसने खुद को एक ऐसे सैनिक के तौर पर बताया जिसने अपना पक्ष बदल लिया था.

हसन रोक सकते हैं ये सजा
‘आर्मी लॉयर’ मैगजीन में मई में छपे एक आर्टिकल के मुताबिक, ट्रंप की मंजूरी से सजा पर अमल करने की प्रक्रिया शुरू हो जाती है, लेकिन हसन सिविलियन फेडरल कोर्ट सिस्टम में ‘हेबियस कॉर्पस’ की अपील करके इसे रोक सकते हैं और यह रोक शायद सालों तक चल सकती है.

मिलिट्री जस्टिस सिस्टम में मौत की सजा बहुत कम दी जाती है, और सजा पर अमल तो और भी कम होता है. फोर्ट लेवनवर्थ, कंसास में मिलिट्री की ‘डेथ रो’ (मौत की सजा पाने वालों की सूची) में अभी चार लोग हैं, जिनमें हसन भी शामिल हैं. राष्ट्रपति जॉर्ज डब्ल्यू. बुश ने 2008 में आर्मी स्पेशलिस्ट रोनाल्ड ग्रे की सजा पर अमल को मंजूरी दी थी, लेकिन एक जज ने इसे रोक दिया और वह अभी भी लेवनवर्थ में ही हैं.

मिलिट्री सिस्टम में आखिरी बार प्राइवेट जॉन बेनेट को सजा दी गई थी, उन्हें 1961 में 11 साल की लड़की के साथ रेप के आरोप में फांसी दी गई थी. ट्रंप ने फायरिंग स्क्वाड के जरिए सजा देने को मंजूरी तब दी, जब लेथल इंजेक्शन से क्रिस्टा पाइक को सजा देने की कोशिश नाकाम हो गई थी. इस घटना के बाद टेनेसी के गवर्नर ने इस साल आगे की सजाओं पर रोक लगा दी थी और एक स्वतंत्र समीक्षा का आदेश दिया था.

ये भी पढ़ें: अखिलेश की अपील नहीं आई काम! बागियों ने की CM से मुलाकात, राज्यसभा चुनाव में बदलेगा समीकरण?



Source link

Related Posts

मान गया पाकिस्तान-तुर्किए, मक्का पैक्ट के तहत सऊदी में भेजेंगे सेना

यमन में ईरान समर्थित हूती विद्रोहियों के खिलाफ लड़ाई एक बार फिर तेज हो गई है. इस दौरान…

ByByPUJA KUMARI Oct 6, 2026

कौन होगा ईरान का नया रक्षा मंत्री? 7 महीने बाद राष्ट्रपति ने इस नाम पर लगाई मुहर

ईरान और यमन में सोमवार को सैन्य और राजनीतिक गतिविधियां तेज रहीं. ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन ने रक्षा…

ByByPUJA KUMARI Oct 6, 2026

फ्लाईदुबई हमले के लिए क्या ईरान जिम्मेदार? ट्रंप बोले- ‘हां, मुझे…’

फ्लाईदुबई की दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाइट में हुए कथित आतंकी हमले को लेकर अमेरिकी राष्ट्रपति…

ByByPUJA KUMARI Oct 6, 2026

EXPLAINED: ‘हम नहीं लड़ेंगे’ से सऊदी अरब को सेना भेजने तक! यमन युद्ध पर पाकिस्तान का यू-टर्न कैसे

एक दशक से भी अधिक समय से पाकिस्तान यमन संघर्ष को लेकर एक बेहद नाजुक कूटनीतिक संतुलन साधने…

ByByPUJA KUMARI Oct 6, 2026

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top