Image

GST में रिकॉर्ड तोड़ उछाल! अप्रैल में पहली बार ₹2.09 लाख करोड़ के पार, जानिए इसकी पूरी वजह


वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) संग्रह अप्रैल महीने में 9.1 फीसदी बढ़कर 2.09 लाख करोड़ रुपये पर पहुंच गया जो किसी महीने अभी तक का सर्वाधिक राजस्व है। मार्च में जीएसटी प्राप्तियां 7.3 फीसदी बढ़ी थीं। अप्रैल में सकल जीएसटी…


GST

Will achieve GST collection target: Sanjay Kumar

वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) संग्रह अप्रैल महीने में 9.1 फीसदी बढ़कर 2.09 लाख करोड़ रुपये पर पहुंच गया जो किसी महीने अभी तक का सर्वाधिक राजस्व है। मार्च में जीएसटी प्राप्तियां 7.3 फीसदी बढ़ी थीं। अप्रैल में सकल जीएसटी राजस्व 12.6 फीसदी बढ़कर 2.37 लाख करोड़ रुपये हो गया। अप्रैल 2025 में घरेलू लेनदेन से जीएसटी राजस्व 10.7 फीसदी बढ़कर 1.9 लाख करोड़ रुपये हो गया जबकि आयातित वस्तुओं से राजस्व 20.8 फीसदी बढ़कर 46,913 करोड़ रुपये रहा। बीते महीने जारी किया गया रिफंड भी 48.3 फीसदी बढ़कर 27,341 करोड़ रुपये रहा।

सरकार द्वारा जारी जीएसटी के अंतरिम आंकड़ों के आधार पर बिज़नेस स्टैंडर्ड की गणना के अनुसार वित्त वर्ष 2024-25 में किए गए लेनदेन से शुद्ध जीएसटी राजस्व में 8 फीसदी से अधिक की वृद्धि होगी जबकि सकल प्राप्तियां 9.5 फीसदी बढ़ेंगी। वित्त वर्ष 2025 में आर्थिक गतिविधियों से शुद्ध राजस्व बढ़कर 19.73 लाख करोड़ रुपये रहा जो इससे पिछले वित्त वर्ष में 18.26 लाख करोड़ रुपये था। अप्रैल में घरेलू लेनदेन पर 22.4 फीसदी ज्यादा रिफंड जारी किया गया जबकि निर्यातकों का जीएसटी रिफंड 86.1 फीसदी बढ़कर करीब 14,000 करोड़ रुपये रहा। कुल रिफंड 48.3 फीसदी रहा है जबकि मार्च में रिफंड 39.3 फीसदी रहा है।

डेलॉयट इंडिया में पार्टनर एमएस मणि ने कहा, ‘पिछले कुछ महीनों के दौरान रिफंड में वृद्धि का रुझान दर्शाता है कि ऑनलाइन रिफंड प्रक्रिया में अब काफी स्थिरता आ गई है।’ चालू वित्त वर्ष के पहले महीने में 2 लाख करोड़ रुपये से अधिक का शुद्ध जीएसटी संग्रह पिछले वित्त वर्ष के अंतिम महीने में मजबूत आर्थिक प्रदर्शन का संकेत देता है क्योंकि यह आंकड़ा मार्च 2025 में वस्तुओं एवं सेवाओं के लेनदेन से संबंधित हैं।

केंद्रीय वित्त एवं कंपनी मामलों की मंत्री निर्मला सीतारमण ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में कहा, ‘ये आंकड़े भारतीय अर्थव्यवस्था की मजबूती और सहकारी संघवाद की प्रभावशीलता को दर्शाते हैं।’ उन्होंने जीएसटी प्रणाली में भरोसा जताने के लिए करदाताओं का भी आभार व्यक्त किया। उन्होंने सभी राज्यों के वित्त मंत्रियों और राज्य जीएसटी अधिकारियों के प्रयासों की भी सराहना की। तैयार माल का निर्यात बढ़ने के कारण आयात रिफंड में 20 फीसदी की वृद्धि हुई है। इसमें आयातित कच्चे माल भी शामिल हैं।

ईवाई के टैक्स पार्टनर सौरभ अग्रवाल ने कहा कि सरकार निर्यात की वस्तुओं में उपयोग किए जाने वाले आयातित कच्चे माल पर भुगतान किए गए जीएसटी का रिफंड दे रही है। इसलिए अप्रैल में आयात से राजस्व और निर्यातकों को रिफंड में वृद्धि अमेरिका द्वारा बराबरी के शुल्क की घोषणा किए जाने पहले निर्यात के सकारात्मक प्रभाव का संकेत देता है। केपीएमजी के पार्टनर एवं प्रमुख (अप्रत्यक्ष कर) अभिषेक जैन ने कहा कि अप्रैल में रिकॉर्ड जीएसटी संग्रह से सुधार एवं वृद्धि के जारी रहने का संकेत मिलता है।



Source link

Related Posts

दो हफ्ते के निचले स्तर पर सोना

सोने की कीमत गुरुवार को करीब 2 फीसदी गिरकर दो हफ्ते के निचले स्तर पर पहुंच गई।…

ByByPUJA KUMARI Sep 21, 2026

भारत में बॉन्ड निवेश के लिए सही समय, RBI की पॉलिसी और डॉलर में कमजोरी से मिल रहा सपोर्ट

बंधन एएमसी में फिक्स्ड इनकम के प्रमुख सुयश चौधरी ने अभिषेक कुमार को ईमेल इंटरव्यू में बताया…

ByByPUJA KUMARI Sep 21, 2026

2025 तक डील फाइनल करने की तैयारी, 12 मई से बातचीत का नया दौर

यूरोपीय आयोग के व्यापार और आर्थिक सुरक्षा आयुक्त मारोस शेफकोविक ने गुरुवार को बताया कि भारत और…

ByByPUJA KUMARI Sep 21, 2026

गुड़ और खांडसारी इकाइयों पर सख्ती करेगी सरकार

केंद्र सरकार ने बड़ी गुड़ और खाड़सारी इकाइयों और बेलगाम चीनी मिलों की लगाम कसने के लिए…

ByByPUJA KUMARI Sep 21, 2026

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top