दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई की उड़ान को पायलटों के बीच हिंसक विवाद के चलते सऊदी अरब में इमरजेंसी लैंडिंग करनी पड़ी. इस घटना ने एक बार फिर पूरी दुनिया की नजर मिडिल ईस्ट की ओर खिंचा है. इजरायल के रक्षा मंत्री काट्ज ने इसे जिहादी आतंकी हमला की कोशिश बताया. उन्होंने विमान में सवाल इजरायलियों को साहस दिखाने के लिए शुक्रिया कहा. इजरायल की खुफिया एजेंसी मोसाद ने इस घटना को आतंकी हमला माना है.
इजरायली रक्षा मंत्री काट्ज ने कहा, ‘फ्लाईदुबई विमान में हुई गंभीर घटना एक जिहादी आतंकवादी हमला करने की कोशिश थी. इसे कुछ इजरायली यात्रियों की बहादुरी से नाकाम किया गया. उन्होंने कॉकपिट में घुसकर आतंकवादी को काबू किया और खुद विमान का कंट्रोल वहां मौजूद दूसरे फ्लाइट क्रू को सौंप दिया. आतंकवादी का मकसद सभी यात्रियों के साथ विमान को क्रैश करना था.’
विदेशी दुश्मनों को इजरायल की चेतावनी
उन्होंने कहा, ‘जब प्रधानमंत्री और मैं खुफिया जानकारी के आधार पर सुरक्षा चेतावनी और अलर्ट जारी करते हैं तो उसे गंभीरता से लें. विदेशों में मौजूद हमारे दुश्मन और देश के पूर्व अधिकारी हमारी चेतावनी को सुनें और गंभारता से लें. हर चेतावनी के कई मकसद और सुनने वाले होते हैं. सबसे जरूरी बात ये है कि ये चेतावनियां कभी भी उन प्रोएक्टिव और आक्रामक ऑपरेशन्स की कीमत पर नहीं दी जातीं जो हम IDF के साथ मिलकर हर खतरे के खिलाफ चला रहे हैं.’
फ्लाइट से भेजे गए इमरजेंसी सिग्नल
फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 ने सऊदी अरब के तबुक की ओर मुड़ने से पहले आपातकालीन सिग्नल भेजे और तेजी से नीचे की ओर जाने लगी. तबुक हवाई अड्डे के अधिकारियों ने बताया कि दोनों पायलट घायल हो गए और उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है. फ्लाईदुबई ने पुष्टि की है कि उड़ान के दौरान विमान में एक घटना हुई और यह तबुक में सुरक्षित रूप से उतर गया. एयरलाइन ने कहा कि वह संबंधित अधिकारियों के साथ सहयोग कर रही है और सभी यात्री सुरक्षित हैं. हालांकि, एयरलाइन ने अपनी ओर से पायलटों की पहचान या राष्ट्रीयता का खुलासा नहीं किया है.














