
जामिया ओर से जारी आदेश के अनुसार इन प्रोग्राम को राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 और लागू यूजीसी नियमों के प्रावधानों के तहत मंजूरी दी गई है. इन कोर्सेज का संचालन यूनिवर्सिटी के केंद्र फॉर डिस्टेंस एंड ऑनलाइन एजुकेशन के माध्यमों से किया जाएगा.

जामिया ने 1 साल के मास्टर्स ऑफ आर्ट्स प्रोग्राम के लिए 11 विषयों को मंजूरी दी है. इनमें एमए एजुकेशन, एमए इंग्लिश, एमए ज्योग्राफी, एमए हिंदी, एमए हिस्ट्री, एमए ह्यूमन रिसोर्स मैनेजमेंट, एमए इस्लामिक स्टडीज, एमए पॉलिटिकल साइंस, एमए पब्लिक एडमिनिस्ट्रेशन, एमए सोशियोलॉजी और एमए उर्दू शामिल है.

इसके अलावा यूनिवर्सिटी ने 1 साल के मास्टर ऑफ बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन और मास्टर ऑफ कॉमर्स इन बिजनेस मैनेजमेंट को भी ऑनलाइन मोड में शुरू करने की मंजूरी दी है.

इन सभी पीजी प्रोग्राम को जामिया के सेंटर फॉर डिस्टेंस एंड ऑनलाइन एजुकेशन के जरिए चलाया जाएगा. यूनिवर्सिटी के डीन, डायरेक्टर, विभागाध्यक्ष और दूसरे अधिकारियों को इस फैसले की जानकारी लेकर जरूरी कार्रवाई करने के निर्देश दे दिए गए हैं.

सीडीओई के निदेशक को भी कार्यक्रमों को लागू करने के लिए जरूरी कदम उठाने को कहा गया है. यानी इन कोर्सेज की पूरी प्रक्रिया जामिया के डिस्टेंस और ऑनलाइन एजुकेशन सेंटर के माध्यम से आगे बढ़ेगी. 1 साल के पीजी प्रोग्राम शुरू करने से जुड़ा आदेश जामिया के रजिस्ट्रार प्रोफेसर एमडी महताब आलम रिजवी ने यूनिवर्सिटी की एकेडमिक काउंसिल की ओर से जारी किया है.

आदेश में कहा गया है कि कुलपति की ओर से लिया गया यह निर्णय अकेडमी काउंसिल की अगली बैठक में रिपोर्ट किया जाएगा. यह मंजूरी जामिया मिल्लिया इस्लामिया एक्ट 1988 के तहत मिले अधिकारी और यूनिवर्सिटी के एकेडमिक ढ़ाचे के अनुरूप दी गई है.

जामिया का सीडीओई पहले से ही 2026-27 एकेडमी सेशन के लिए 49 डिस्टेंस और ऑनलाइन प्रोग्राम के तहत एडमिशन के प्रक्रिया चला रहा है. इनमें यूजी, पीजी, डिप्लोमा, पीजी डिप्लोमा, एडवांस्ड डिप्लोमा और सर्टिफिकेट स्तर के कोर्स शामिल थे. अब 1 साल के नए पीजी प्रोग्राम को मंजूरी मिलने से डिस्टेंस और ऑनलाइन माध्यम से पढ़ाई करने वाले छात्रों के लिए जामिया में एक और ऑप्शन जुड़ गया है. वहीं इन प्रोग्राम में एडमिशन कब से शुरू होगा, इसकी जानकारी एडमिशन नोटिफिकेशन में दी जाएगी.
Published at : 23 Sep 2026 10:59 PM (IST)

















